जयपुर लोकसभा से बीजेपी प्रत्याशी मंजू शर्मा 3 लाख से ज्यादा वोटों से जीतीं

जयपुर : भारतीय जनता पार्टी की मंजू शर्मा ने 2024 के लोकसभा चुनावों में जयपुर लोकसभा सीट जीत ली है। शर्मा ने कांग्रेस पार्टी के अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी को हराकर, पर्याप्त अंतर से जीत हासिल की।

 मंजू शर्मा ने कुल 564196 वोट हासिल किए और भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के प्रताप सिंह खाचरियावास से 390836 वोटों के प्रभावशाली अंतर से आगे रहे। यह जीत राजस्थान राज्य के प्रमुख युद्धक्षेत्र जयपुर निर्वाचन क्षेत्र में भाजपा के मजबूत प्रदर्शन को रेखांकित करती है।

जयपुर सीट के लिए मतदान 2024 के लोकसभा चुनाव के पहले चरण के हिस्से के रूप में 19 अप्रैल, 2024 को हुआ था। यह निर्वाचन क्षेत्र, जो राजस्थान के 25 में से एक है, शर्मा और खाचरियावास के बीच कड़ी टक्कर देखी गई।

मंजू शर्मा की जीत 2024 के लोकसभा चुनावों में भाजपा की संख्या में इजाफा करती है, जहां पार्टी ऐतिहासिक तीसरे कार्यकाल पर नजर गड़ाए हुए है। देश भर के नतीजे जल्द ही पूरी तरह से घोषित होने की उम्मीद है, जिसमें भाजपा केंद्र में अगली सरकार बनाने की ओर अग्रसर है।

अपने विजयी भाषण में, शर्मा ने जयपुर के मतदाताओं के प्रति आभार व्यक्त किया।जयपुर में जीत भाजपा के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है, जो परंपरागत रूप से राज्य में एक मजबूत ताकत रही है। यह प्रमुख निर्वाचन क्षेत्रों में हाई-प्रोफाइल उम्मीदवारों को नामांकित करने की पार्टी की रणनीति और राजस्थान में मतदाताओं के लिए इसकी निरंतर अपील पर प्रकाश डालता है।

मप्र में बीजेपी स्वीप की तरफ, शिवराज चार लाख और सिंधिया 3.88 लाख वोटों से आगे

भोपाल : लोकसभा चुनाव में मध्य प्रदेश की 29 सीटों के लिए 52 जिला मुख्यालयों पर कड़ी सुरक्षा के बीच मंगलवार सुबह मतगणना शुरू हुई। दोपहर एक बजे तक के मतगणना रुझानों में भोपाल, इंदीर, गुना, टीकमगढ़, मंदसौर और खजुराहो समेत भाजपा सभी 29 सीटों पर बढ़त बनाए हुए है। गुना संसदीय सीट से केन्द्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया 3.88 लाख वोटों से आगे चल रहे हैं, जबकि विदिशा से पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान चार लाख मतों की लीड ले रखी है। वहीं, राजगढ़ से कांग्रेस उम्मीदवार दिग्विजिय सिंह और छिंदवाड़ा से नकुलनाथ काफी पिछड़ गए हैं।

विदिशा संसदीय क्षेत्र में रायसेन, विदिशा और सीहोर जिले की आठ विधानसभा क्षेत्र हैं। इस सीट पर भाजपा से पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान और कांग्रेस से प्रताप भानु शर्मा सहित 13 प्रत्याशी मैदान में हैं। रायसेन कलेक्टर अरविंद दुबे ने बताया कि मतगणना स्थल शासकीय पोलिटेक्निक कॉलेज में होशंगाबाद के संसदीय क्षेत्र उदयपुरा विधानसभा, संसदीय क्षेत्र विदिशा के विधानसभा भोजपुर, सांची तथा सिलवानी की मतगणना की जा रही है। अब तक विदिशा संसदीय सीट पर 10 राउंड की गिनती पूरी हो गई है। जिसमें भाजपा से प्रत्याशी पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान चार लाख से अधिक मतों से आगे चल रहे हैं। शिवराज सिंह चौहान को अब तक 5 लाख 59 हजार 465 वोट मिले हैं, जबकि कांग्रेस प्रत्याशी को सिर्फ एक लाख 42 हजार 608 वोट ही मिले हैं।

वहीं, लोकसभा निर्वाचन-2024 के तहत गुना-शिवपुरी लोकसभा क्षेत्र में आने वाले गुना, शिवपुरी और अशोकनगर जिले की 8 विधानसभाओं की मतगणना तीनों जिला मुख्यालय पर हो रही है। गुना-शिवपुरी लोकसभा चुनाव में 17 उम्मीदवार मैदान में हैं। भाजपा की ओर से केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया और कांग्रेस से राव यादवेंद्र सिंह यादव के बीच मुख्य मुकाबला है। यह 11 राउंड की मतगणना पूरी हो चुकी है। इसमें सिंधिया कांग्रेस उम्मीदवार से 3.88 लाख वोटों से आगे चल रहे हैं। गुना-शिवपुरी सीट पर 2019 से भाजपा का कब्जा है। इस बार भी भाजपा की जीत पक्की मानी जा रही है। इससे पहले लंबे समय से कांग्रेस का कब्जा रहा था।

छिंदवाड़ा से भाजपा के बंटी साहू आगे, कांग्रेस के नकुलनाथ एक लाख 17 हजार वोटों से पीछे छिंदवाड़ा लोकसभा क्षेत्र में भाजपा के बंटी साहू आगे चल रहे हैं। यहां से कांग्रेस के नकुलनाथ 17 हजार वोटों से पीछे चल रहे हैं। पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने छिंदवाड़ा ने पार्टी की हार स्वीकार कर ली है। उन्होंने मीडिया के सवालों के जवाब में कहा कि छिंदवाड़ा की जनता जो फैसला करती है, मुझे स्वीकार है। राजगढ़ लोकसभा सीट पर भाजपा प्रत्याशी रोड़मल नागर 24 हजार से अधिक वोटों से आगे चल रहे हैं। कांग्रेस के दिग्विजय सिंह पीछे चल रहे हैं। वहीं, दोपहर 12:30 बजे तक इंदीर लोकसभा सीट पर लगभग 10 लाख मतों की गिनती पूरी हो चुकी है।

भाजपा प्रत्याशी शंकर लालवानी 8 लाख 60 हजार मत लेकर सबसे आगे चल रहे हैं। दूसरे स्थान पर बसपा के संजय सोलंकी है उन्हें लगभग 37000 मत प्राप्त हुए है। इंदीर ने इस बार नोटा को लेकर भी रिकॉर्ड बनाया है। अब तक इंदौर में नोटा को एक लाख 51 हजार मत प्राप्त हो चुके हैं। यह देशभर में नोटा को किसी भी चुनाव में मिले सबसे ज्यादा मत है। उम्मीद जताई जा रही है कि दोपहर 3:30 बजे तक मतगणना पूर्ण हो जाएगी। अभी भी इंदीर में लगभग 5:50 लाख मतों की गिनती होना शेष है।

बैतूल सीट पर भाजपा उम्मीदवार आगे बैतूल संसदीय क्षेत्र में सात चरण की मतगणना के बाद बीजेपी प्रत्याशी दुर्गादास उईके एक लाख 88 हजार 938 वोट से आगे चल रहे हैं। सात चरण में हुई मतों की गिनती में बीजेपी के दुर्गादास उइके को कुल चार लाख 1 हजार 371 वोट मिले। कांग्रेस प्रत्याशी रामू टेकाम को सात चरण में कुल दो लाख 12 हजार 433 वोट प्राप्त हुए हैं। सागर में लता की लीड 2 लाख के पारसागर लोकसभा क्षेत्र में अब तक वोटों की गिनती में भाजपा प्रत्याशी डा. लता वानखेड़े 2 लाख 19 हजार 113 मतों से आगे हैं। लता वानखेड़े को 375957 मत मिले हैं। वहीं चंद्रभूषण सिंह बुंदेला गुड्डू राजा को 156844 मत मिले हैं।

32 लोकसभा सीटों पर टीएमसी आगे, बीजेपी केवल नौ पर

कोलकाता : पूरे देश के साथ पश्चिम बंगाल में भी लोकसभा चुनाव 2024 की लड़ाई दिलचस्प दिख रही है। मंगलवार को मतगणना के दौरान राज्य की 42 में से 32 सीटों पर सत्तारूढ़ पार्टी तृणमूल कांग्रेस आगे चल रही है। जबकि मुख्य विपक्षी पार्टी बीजेपी महज नौ सीटों पर बढ़त बनाए हुए हैं।

बाकी एक सीट पर कांग्रेस की बढ़त है। मुर्शिदाबाद की बहरामपुर लोकसभा सीट पर कांग्रेस उम्मीदवार अधीर रंजन चौधरी ने बढ़त बनाए रखी है। बाकी राज्य की चर्चित बसीरहाट सीट पर संदेशखाली आंदोलन का मुख्य चेहरा रही रेखा पात्रा ढाई लाख वोटो से पीछड़ गई हैं। अब उनकी जीत की उम्मीद धुंधली पड़ने लगी है।

बशीरहाट में तृणमूल उम्मीदवार हाजी नुरुल इस्लाम दो लाख 40 हजार 803 वोटों से आगे चल रहे हैं। दोपहर तक उन्हें 4 लाख 52 हजार 559 वोट मिले थे। रेखा को दो लाख 11 हजार 756 वोट मिले। इस मतगणना की घोषणा होते ही तृणमूल कार्यकर्ताओं ने जश्न मनाना शुरू कर दिया। जवाब में रेखा पात्रा ने कहा, “जो लोग शुरुआत में जीतते हैं, वे अंत में हार जाते हैं। शुरुआत में मेरे पास कम था।

अंत में जीत मेरी ही होगी। हालांकि, कई लोगों का मानना ​​है कि बशीरहाट में रेखा और हाजी नुरुल के वोटों में अंतर के कारण संभावना कम है। इधर संदेशखाली में भाजपा के एक पार्टी दफ्तर में आग लगा दी गई है जिसका आरोप सत्तारूढ़ पार्टी तृणमूल कांग्रेस के कार्यकर्ताओं पर लगा है।

हुगली जिले में सुबह से ही लड़ाई दिलचस्प चल रही थी और हुगली तथा आरामबाग लोकसभा सीट पर भाजपा उम्मीदवार आगे थे। जबकि श्रीरामपुर से तृणमूल कांग्रेस के उम्मीदवार कल्याण बनर्जी आगे चल रहे थे लेकिन दोपहर 1:00 बजे के करीब तीनों सीटों पर तृणमूल उम्मीदवारों ने बढ़त बना ली है। चुनाव से पहले तृणमूल से भाजपा में लौटे बैरकपुर के निवर्तमान सांसद अर्जुन सिंह 10 हजार वोटों से पीछे चल रहे हैं। उनके केंद्र के तृणमूल उम्मीदवार पार्थ भौमिक आगे हैं।

वहीं, दमदम में सौगत रॉय 8184 वोटों के साथ आगे चल रहे हैं, बारासात में तृणमूल की काकली घोष दस्तीदार 39 हजार 880 वोटों के साथ आगे चल रही हैं। लेकिन बनगांव में निवर्तमान केंद्रीय मंत्री और बीजेपी उम्मीदवार शांतनु ठाकुर 5022 वोटों से आगे हैं। यहां तक कि दुर्गापुर बर्दवान लोकसभा सीट से भाजपा के धाकड़ कैंडिडेट दिलीप घोष भी पीछे हो गये हैं और तमलुक से कलकत्ता हाई कोर्ट के पूर्व न्यायाधीश अभिजीत गांगुली भी पीछे चल रहे हैं। तृणमूल उम्मीदवार देवांग्शु भट्टाचार्य उनसे सात हजार वोटो के अंदर से आगे हैं।

पश्चिम बंगाल में ईवीएम और वीवीपैट को तालाब में फेंका

कोलकाता : पश्चिम बंगाल में लोकसभा चुनाव 2024 के सातवें एवं अंतिम चरण का मतदान जारी है। दक्षिण 24 परगना में भीड़ ने 2 बूथ पर लगी ईवीएम और वीवीपैट मशीन को तालाब में फेंक दिया है।

तालाब में फेंके गए हैं ईवीएम और वीवीपैट मशीन इस वीडियो सड़क किनारे एक तालाब में ईवीएम और वीवीपैट मशीन पानी में देखा जा रहा है। हालांकि, अभी तक इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है कि ईवीएम और वीवीपैट इन्हीं दोनों बूथ के हैं।

वीडियो बनाने वाले की आवाज भी आ रही है। इसमें कहा गया है कि महिलाओं ने ईवीएम और वीवीपैट मशीन को फेंका है। उसका कहना है कि महिलाओं ने मशीनों को फेंक दिया, क्योंकि उनके पति और बेटे बूथ के एजेंट थे। उनके साथ मारपीट की गई, तो महिलाओं ने मशीनों को फेंक दिया।

हालांकि, यह पता नहीं चल पा रहा है कि किस पार्टी के लोगों ने मशीनों को पानी में फेंका है। वीडियो बनाने वाला यह तो कह रहा है कि महिलाओं ने मशीनों को फेंक दिया है, क्योंकि उनके पति और बेटे, जो बूथ एजेंट थे, उनको बैठने नहीं दिया गया। उनके साथ मारपीट की गई. लेकिन, मारपीट किन लोगों ने की, महिलाओं के बेटे और पति किस पार्टी के एजेंट थे, इसके बारे में कुछ नहीं बताया गया है।

Ghulam Nabi Azad: ২০২৪ লোকসভা নির্বাচনে কংগ্রেস কেমন ফল করবে জানালেন প্রবীণ নেতা

ghulam nabi azad

News Desk, New Delhi: তিনি কোন জ্যোতিষী (Astrologer) বা ভবিষ্যৎ বক্তা নন। তবুও আগামী লোকসভা নির্বাচনে (Lokshabha election) কংগ্রেস কেমন ফল করবে তা জানিয়ে দিলেন দলের প্রবীণ নেতা গুলাম নবি আজাদ (Ghulam Nabi Azad)।

এই প্রবীণ নেতা বলেন, ২০২৪-এর লোকসভা নির্বাচনে কংগ্রেস কোনওভাবেই সংখ্যাগরিষ্ঠতার (majority) ধারে-কাছে যেতে পারবে না। স্বাভাবিকভাবেই গুলামের এই বক্তব্য কংগ্রেসের কাছে বড় অস্বস্তির কারণ বলে মনে করছে রাজনৈতিক মহল।

বুধবার সন্ধ্যায় জম্মু ও কাশ্মীরের পুঞ্চে এক দলীয় বৈঠকে ভাষণ দিচ্ছিলেন গুলাম নবি। সেখানেই এই প্রবীণ নেতা বলেন, আমি সবসময়ই চাইব কংগ্রেস ৩০০ আসনে জয়ী হোক। কিন্তু আমার মনে হয় না, ২০২৪-এর লোকসভা নির্বাচনে কোনওভাবে সেটা হতে পারে। আগামী নির্বাচনও কেন্দ্রে কংগ্রেস সরকার গঠন করতে পারবে কিনা সে ব্যাপারে আমার ঘোরতর সন্দেহ আছে।

একই সঙ্গে কংগ্রেসের অন্যতম দাবি কাশ্মীর থেকে ৩৭০ ধারা প্রত্যাহার নিয়েও মুখ খুলেছেন তিনি। ৩৭০ ধারা প্রসঙ্গে গুলাম নবি বলেন, আমি দীর্ঘ দিন ধরেই বলে আসছি ৩৭০ ধারা নিয়ে বলার মত বিশেষ কিছু নেই। কারণ বিষয়টি আদালতের বিচারাধীন। যতক্ষণ না আদালতে বিষয়টির নিষ্পত্তি হচ্ছে ততক্ষণ এ বিষয়ে কথা বলা মানে সময়ের অপব্যবহার করা। উল্লেখ্য, দল হিসেবে কংগ্রেস প্রথম থেকেই ৩৭০ ধারা তুলে নেওয়া দাবি করে আসছে। কাজেই নবির এই বক্তব্য কার্যত দলের লাইনের বিরুদ্ধে।

জম্মু ও কাশ্মীরে নির্বাচন হলে তিনি কি মুখ্যমন্ত্রী হতে চান? এই প্রশ্নের উত্তরে নবি বলেন, মুখ্যমন্ত্রী হওয়ার কোনও ইচ্ছা তাঁর নেই। এই মুহূর্তে মুখ্যমন্ত্রীর পদ তাঁর কাছে একেবারেই অর্থহীন। সবার আগে কাশ্মীরের ভূখণ্ডকে রক্ষা করাই তাঁর একমাত্র লক্ষ্য। কাশ্মীরকে রক্ষা করার জন্য যে দায়িত্ব নেওয়া উচিত সেটুকু নিতে তিনি রাজি আছেন বলে নবি জানান।