पश्चिम बंगाल की चार सीटों पर छिटपुट हिंसा के साथ मतदान जारी

कोलकाता : पश्चिम बंगाल की चार विधानसभा सीटों पर उपचुनाव के तहत बुधवार को वोटिंग शुरू हो गई। बंगाल की जिन सीटों पर वोटिंग शुरू हुई है, उनमें मानिकतला, रायगंज, राणाघाट दक्षिण और बागदा शामिल है। मतदान सुबह सात बजे से शाम छह बजे तक हो गया है। मतदान से एक दिन पहले कुछ इलाकों में हिंसा की छिटपुट घटनाएं सामने आई हैं।  मतदान के लिए कुल 1097 बूथ बनाये गये हैं। शांतिपूर्णवक निष्पक्ष तरीके से मतदान संपन्न कराने को लेकर चुनाव आयोग ने सुरक्षा के पुख्ता बंदोबस्त किये हैं। केंद्रीय पुलिस बल की 70 कंपनियों के साथ राज्य पुलिस के कुल 3650 जवान तैनात रहेंगे।

पश्चिम बंगाल की चार विधानसभा सीटों पर हो रहे उपचुनाव में लोकसभा चुनाव की तरह ही सभी मतदान केंद्रों की वेब कास्टिंग की व्यवस्था की गई है। बात की जानकारी राज्य के मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय की तरफ से मंगलवार को दी गयी। चार सीटों पर 34 उम्मीदवार चुनावी मैदान में हैं। उत्तर कोलकाता की मानिकतला सीट से नौ उम्मीदवार अपनी  किस्मत आजमा रहे हैं, जिनमें पांच निर्दलीय हैं।

पश्चिम बंगाल में 2021 के विधानसभा चुनावों में टीएमसी ने मानिकतला सीट पर कब्जा जमाया था, जबकि भाजपा ने रायगंज, राणाघाट दक्षिण और बगदाह में जीत हासिल की थी। भाजपा विधायक बाद में पार्टी छोड़कर टीएमसी में चले गए थे।

फरवरी 2022 में टीएमसी विधायक साधन पांडे की मौत के कारण मानिकतला विधानसभा सीट पर उपचुनाव हो रहा है। टीएमसी ने पांडे की पत्नी सुप्ती को इस सीट से चुनाव मैदान में उतारा है। सत्तारूढ़ पार्टी ने रायगंज से कृष्णा कल्याणी और रानाघाट दक्षिण से मुकुट मणि अधिकारी को अपना प्रत्याशी बनाया है। भाजपा ने अखिल भारतीय फुटबॉल महासंघ के अध्यक्ष कल्याण चौबे को मानिकतला, मनोज कुमार विश्वास को राणाघाट दक्षिण, बिनय कुमार विश्वास को बगदाह और मानस कुमार घोष को रायगंज से चुनाव मैदान में उतारा है।

देश हित में सकारात्मक चीजों का साथ दीजिए: मोदी

PM Modi

तीन राज्यों में विधानसभा चुनावों की जीत से उत्साहित भाजपा के सांसदों ने आज संसद के शीतकालीन सत्र की शुरुआत के समय प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का जोरदार स्वागत किया। लोकसभा की कार्यवाही शुरू होने पर जैसे ही प्रधानमंत्री सदन में आये तो कई केंद्रीय मंत्रियों सहित भाजपा के सांसद मोदी मोदी के नारे लगाने लगे। मोदी कहा कि देश हित में सकारात्मक चीजों का साथ दीजिए। जो कमियां है उन पर चर्चा कीजिए। आप देखिए, देश के मन में आज जो (विपक्ष के प्रति) नफरत पैदा हो रही है. हो सकता है वह मोहब्बत में बदल जाए। तो मौका है यह। इसे जाने मत दीजिए। प्रधानमंत्री ने विपक्षी दलों से संसद सत्र में सहयोग करने की अपील करते हुए कहा कि इसी में उनकी भलाई है कि वह देश को सकारात्मकता का संदेश दें।प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि वे विपक्ष में हैं फिर भी वह उन्हें सकारात्मक सुझाव दे रहे हैं कि सकारात्मक के साथ ही हर किसी का भविष्य उज्जवल है।प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि सार्वजनिक रूप से हमेशा हमारे सभी सांसदों से आग्रह करता हूं कि लोकतंत्र का यह मंदिर जन आकांक्षाओं के लिए, विकसित भारत की नयी राह को अधिक मजबूत बनाने के लिए बहुत महत्वपूर्ण मंच है। मैं सभी सांसदों से आग्रह कर रहा हूं कि वह ज्यादा से ज्यादा तैयारी करके आएं तथा सदन में जो भी विधेयक रखे जाएं, उन पर गहन चर्चा हो।

हम पांचों राज्यों में लाएंगे अपनी सरकार : खरगे

कांग्रेस राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने विधानसभा चुनावों के नतीजे को लेकर दावा किया कि वह पांच राज्यों में जरूर जीत हासिल करेंगे। उन्होंने इस दौरान भाजपा पर भी जमकर निशाना साधा। कहा कि महंगाई और बेरोजगारी से लोग परेशान हैं। भाजपा के लिए सत्ता विरोधी लहर है। भाजपा अपने किसी भी वादे पर खरी नहीं उतरी है। खरगे ने कहा कि हम इसे देखेंगे। पहले पांच राज्यों के चुनाव होने दीजिए। उसके बाद गठबंधन देखेंगे।

खरगे ने आगे कहा कि अशोक गहलोत और भूपेश बघेल राजस्थान और छत्तीसगढ़ में अच्छा काम कर रहे हैं। वहां कोई समस्या नहीं है। मध्य प्रदेश में शिवराज सिंह चौहान के कारण परेशानियां हैं। लोग उनके खिलाफ हो गए हैं। इसलिए, हमें उम्मीद है कि हम सभी पांच राज्यों में अपनी सरकार लाएंगे और सब कुछ ठीक हो जाएगा।

PM Modi Meeting: আজ মন্ত্রী পরিষদের বৈঠকে প্রধানমন্ত্রী

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নিউজ ডেস্ক: ক্রমশ বেড়ে চলেছে করোনাভাইরাসের ওমিক্রন (Omicron) ভ্যারিয়েন্টে আক্রান্তের সংখ্যা। এরইমধ্যে আজ মন্ত্রী পরিষদের সঙ্গে বৈঠক করবেন প্রধানমন্ত্রী নরেন্দ্র মোদী। রিপোর্ট অনুসারে, আজ বিকেল ৪টেয় এই বৈঠক হতে পারে। সব মন্ত্রীই বৈঠকে উপস্থিত থাকতে পারেন। জানা যাচ্ছে, মন্ত্রী পরিষদের এই বৈঠকে উত্তরপ্রদেশ ও পঞ্জাবের আসন্ন বিধানসভা নির্বাচন নিয়ে আলোচনার সম্ভাবনা রয়েছে। পাশাপাশি করোনাভাইরাসের নতুন রূপ ওমিক্রনের বাড়ন্ত সংক্রমণ নিয়েও আলোচনা হতে পারে।

উল্লেখ্য, প্রধানমন্ত্রী নরেন্দ্র মোদী (PM Narendra Modi) গত বৃহস্পতিবারই দেশের কোভিড-১৯ পরিস্থিতি নিয়ে একটি উচ্চপর্যায়ের বৈঠক করেছিলেন। সেই বৈঠকে কেন্দ্রীয় সরকারের উচ্চ পদস্থ আধিকারিকরা উপস্থিত ছিলেন। সেখানে তিনি দেশের করোনা পরিস্থিতি নিয়ে বিস্তারিত খোঁজ খবর নেন। সেই বৈঠকে প্রধানমন্ত্রী ওমিক্রন নিয়ে কী কী সতর্কতা পালন করা উচিত তা নিয়েও আলোচনা করেন। পাশাপাশি তিনি সমাধান নিয়েও আলোচনা করেছিলেন।

আগামী বছর উত্তর প্রদেশ, পঞ্জাব, গোয়া, উত্তরাখণ্ড ও মণিপুরে বিধানসভা নির্বাচন অনুষ্ঠিত হবে। যার মধ্যে গুরুত্বপূর্ণ হল উত্তর প্রদেশ ও পঞ্জাব। পঞ্জাবে কংগ্রেসের অবস্থা শোচনীয়। অন্যদিকে, উত্তর প্রদেশে বিজেপি ক্ষমতা ধরে রাখতে মরিয়া চেষ্টা করছে। এই অবস্থায় প্রধানমন্ত্রীও উত্তর প্রদেশের জন্য বেশ কয়েকটি উন্নয়নমূলক প্রকল্পের উদ্বোধন করেছেন। তিনি একাধিকবার উত্তর প্রদেশ সফরও করেছেন। 

UP assembly elections: বিধানসভা নির্বাচনে লড়বেন অখিলেশ

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News Desk, New Delhi: হাতে গোনা আর কয়েক মাস পরেই উত্তরপ্রদেশ বিধানসভা নির্বাচন। কিন্তু সেই নির্বাচনের আগে রাজনৈতিক মহলকে অবাক করে রাজ্যের প্রধান বিরোধীদল সমাজবাদী পার্টির নেতা অখিলেশ যাদব জানালেন, তিনি এবার কোন বিধানসভা কেন্দ্র থেকেই ভোটে লড়বেন না। তবে কি কারণে অখিলেশ নির্বাচনে প্রতিদ্বন্দ্বিতা করা থেকে সরে দাঁড়াচ্ছেন সে বিষয়ে তিনি কোনও কিছুই জানাননি।

রাজনৈতিক মহল মনে করছে, বিজেপির বিরুদ্ধে গোটা রাজ্য জুড়ে প্রচার চালাতে চান সপা প্রধান। তাই রাজ্যের প্রাক্তন মুখ্যমন্ত্রী নির্বাচনে প্রতিদ্বন্দ্বিতা করে কোন একটি কেন্দ্রে আটকে থাকতে রাজি নন। তিনি যদি নিজে কোন কেন্দ্রে প্রার্থী হন তাহলে সেই কেন্দ্রে তাঁকে সময় দিতে হবে। সে ক্ষেত্রে তিনি গোটা রাজ্য জুড়ে প্রচার চালানোর জন্য যথেষ্ট সময় পাবেন না। যা দলের নির্বাচনী প্রচারে প্রভাব ফেলতে পারে সে কারণেই অখিলেশ আগে থাকতেই নির্বাচনে প্রতিদ্বন্দ্বিতা না করার কথা জানালেন।

যদিও রাজনৈতিক মহলের একাংশ এবং সপার সর্মথকরা মনে করছেন, অখিলেশ এই সিদ্ধান্ত ঠিক নয়। কারণ দলপতি যদি লড়াইয়ের ময়দানে না থাকেন তাহলে দলীয় কর্মী ও সমর্থকদের মধ্যে তার বিরূপ প্রভাব পড়তে পারে। বিজেপি এই সুযোগটা নেবে। গেরুয়া দল প্রচার করবে, পরাজয়ের ভয়েই অখিলেশ এবার ভোটে লড়ছেন না। অন্যদের লড়াইয়ের ময়দানে ঠেলে দিয়ে তিনি নিজে সরে দাঁড়িয়েছেন। সেটা নিশ্চিত ভাবেই সবার ক্ষেত্রে এক বিড়ম্বনা।

এরই মধ্যে রাজ্যের অন্যতম রাজনৈতিক দল রাষ্ট্রীয় লোকতান্ত্রিক পার্টিকে নিয়ে কংগ্রেস ও সপার মধ্যে দড়ি টানাটানি শুরু হয়েছে। রবিবার লখনউ বিমানবন্দরে প্রিয়াঙ্কা গান্ধীর সঙ্গে দীর্ঘক্ষণ কথা বলেন আরএলডি নেতা জয়ন্ত চৌধুরী। অনেকেই মনে করছেন, আসন্ন নির্বাচনে আরএলডির সঙ্গে কংগ্রেসের জোট হতে পারে। জয়ন্ত-প্রিয়াঙ্কার ওই বৈঠকের কথা প্রকাশ্যে আসতেই সপা প্রধান অখিলেশ সোোমবার বলেন, আরএলডির সঙ্গে তাঁদের জোট চূড়ান্ত হয়ে গিয়েছে। এমনকি আরএলডি কোন কোন আসনে লড়বে সে ব্যাপারেও কথা অনেকটা এগিয়েছে ।

প্রশ্ন হল, এই মুহূর্তে আরএলডিকে নিয়ে কংগ্রেস ও সপার মধ্যে দড়ি টানাটানির কারণ কী। রাজনৈনিত মহল মনে করছে, উত্তরপ্রদেশের অন্তত ৩০ থেকে ৩৫ টি আসনে আরএলডির ভালরকম প্রভাব রয়েছে। পাশাপাশি উত্তরপ্রদেশের নির্দিষ্ট কয়েকটি এলাকাতেও আরএলডির প্রভাব রয়েছে। সেই প্রভাব কাজে লাগিয়ে মানুষের ভোট নিজেদের অনুকূলে টানতে উদ্যোগী হয়েছে কংগ্রেস ও সপা। এখন দেখার শেষ পর্যন্ত আরএলডি কার সঙ্গে যায়।