लखनऊ-पटना वंदे भारत एक्सप्रेस पर पथराव

लखनऊ: उत्तरप्रदेश के वाराणसी में गुरुवार को लखनऊ-पटना वंदे भारत एक्सप्रेस पर पथराव किया गया है। जिससे ट्रेन के एक कोच की खिड़की क्षतिग्रस्त बताई जा रही है। ट्रेन पर पथराव की इस घटना में अभी तक किसी यात्री के घायल होने की खबर नहीं है। पुलिस ने इस घटना के संबंध में जांच शुरू कर दी है।

घटना उस समय की बताई जा रही है जब ट्रेन वाराणसी से रवाना हो रही थी। घटना में C5 कोच की खिड़की क्षतिग्रस्त बताई जा रही है।

22345/22346 पटना-गोमती नगर (लखनऊ) वंदे भारत एक्सप्रेस भारत की 51वीं वंदे भारत एक्सप्रेस है, जो पटना से लखनऊ के बीच चलती है. इस सेमी हाई-स्पीड ट्रेन का उद्घाटन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इसी साल 12 मार्च को अहमदाबाद से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए किया था।

सियादह में जुलाई से सभी 1-5 प्लेटफॉर्म पर चलेंगी ट्रेनें

कोलकाता: सियालदह के प्लेटफॉर्म नंबर 3 और 4 से 12 कोच की ट्रेनें चलने लगीं हैं। प्लेटफार्म 1, 2 और 5 से भी ट्रेनों का संचालन शुरू हो चुका है। अब 12 डिब्बों वाली लोकल ट्रेनें 5 प्लेटफॉर्म से रवाना होगी। यानी सियालदह से खुलने वाली सभी लोकल ट्रेनें अब 12 कोच की होंगी। इसलिए यात्रियों को लोकल ट्रेन में यात्रा करने में पहले जैसी परेशानी नहीं उठानी पड़ेगी।

बताया गया कि जुलाई से सियालदह के प्लेटफॉर्म 1 से 5 तक 12 कोच वाली EMU लोकल चलेगी। लेकिन, उससे पहले ही 3-4 प्लेटफॉर्म से ट्रेनों का परिचालन शुरू हो जाने से यात्री खुश हैं। रेलवे के मुताबिक, यार्ड संशोधन और नॉन-इंटरलॉकिंग का काम 9 जून को पूरा हो गया था, लेकिन सियालदह प्लेटफॉर्म नंबर 3 और 4 के दमदम लाइन पर कुछ निर्माण कार्य बाकी था। उन कार्यों को यात्रियों को ध्यान में रखते हुए बिना किसी रुकावट के धीरे-धीरे पूरा किया गया है। इसलिए सियालदह के प्लेटफॉर्म नंबर 3 और 4 से 12 कोच वाली ईएमयू के साथ, 12 कोच की लोकल ट्रेनें अब सियालदह के 1 से 5 तक सभी प्लेटफॉर्म पर चल सकेंगी।

सियालदह डिवीजन पर प्रतिदिन लगभग 892 लोकल ट्रेनें चलती हैं। लेकिन, अब तक सियालदह सब अर्बन प्लेटफॉर्म की लंबाई कम होने के कारण सियालदह मेन और नॉर्थ ब्रांच पर सभी 12 कोच वाली ट्रेनों को चलाना मुश्किल था। अब वह समस्या दूर हो गई है, सियालदह मेन ब्रांच पर अधिक संख्या में 12 कोच वाली लोकल ट्रेनें चलाई जा सकेंगी। 9 डिब्बों की बजाय 12 डिब्बों वाली यह लोकल ट्रेन प्रति यात्रा लगभग 1000 अतिरिक्त यात्रियों को ले जाने में सक्षम होगी। सियालदह मेन और नॉर्थ ब्रांच के बिधाननगर, दमदम, बिड़ाटी, बारासात, सोदपुर, बराकपुर, नैहाटी आदि अत्यधिक आबादी वाले इलाकों की आबादी लगातार बढ़ रही है। 12 कोच वाली ट्रेन शुरू होने से यात्रियों को कई फायदे मिलेंगे।

सियालदह में 12 कोच वाली इस ट्रेन को चलाने से आम यात्री खुश हैं। क्योंकि, पहले वे भीड़भाड़ वाली ट्रेन में नहीं चढ़ पाते थे, अब आसानी से यात्रा कर सकते हैं। पूर्व रेलवे के जनसंपर्क प्रवक्ता श्री कौशिक मित्रा ने पहले कहा, ‘पूर्व रेलवे विश्वसनीय और यात्री-केंद्रित रेल सेवाएं प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है। प्लेटफॉर्म पर 12 कोच वाली ट्रेन शुरू होने से यात्री अधिक सुविधाजनक और सुरक्षित यात्रा कर सकेंगे।’

इंदौर में ट्रेन की सीट के नीचे बैग में मिला महिला का क्षत-विक्षत शव

इंदौर : मध्य प्रदेश के इंदौर में ट्रेन की बोगी में सीट के नीचे दो बैग में महिला का क्षत-विक्षत शव मिला है। इंदौर रेलवे स्‍टेशन पर उस समय सनसनी फैल गई जब यार्ड में खड़ी ट्रेन में महिला का शव मिला। पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार महिला का शव इंदौर-महू-नागदा के मध्‍य चलने वाले पैसेंजर ट्रेन में अलग-अलग टुकड़े कर रख दिया गया था।

शव के टुकड़े रेगजीन के ट्रॉली बैग और बोरे में बंद कर रखा गया था। टीआई संजय शुक्‍ला ने बताया कि पुलिस को रेल में किसी महिला का शव होने की सूचना मिली थी। इसके बाद पुलिस मौके पर पहुंची।

उन्‍होंने बताया कि रात करीब 12 बजे एक सफाईकर्मी को सफाई के दौरान यार्ड में खड़ी ट्रेन के अंदर एक बोरे के साथ रेगजीन के बैग में महिला का शव मिला। बैग में महिला के बिना अंग का कुछ शरीर और दूसरे बोरे में हाथ और नीचे का धड़ रखा हुआ था।

इसके बाद उसने पुलिस को सूचित किया। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को कब्‍जे में लिया और शव को पोस्‍टमार्टम के लिए अस्‍पताल भिजवाया। रेलवे अधिकारियों के अनुसार ट्रेन महू से रात 8 बजे चलकर रात लगभग दस बजे इंदौर पहुंचकर यार्ड में खड़ी कर दी जाती है। यह गाड़ी सुबह आठ बजे नागदा के लिए रवाना होती है। पुलिस सीसीटीवी फुटेज और अन्‍य माध्‍यमों की जांच कर रही है।

आशंका जताई जा रही है कि महिला के शव को टुकड़े-टुकड़े कर अलग-अलग जगह फेंका गया है। अभी महिला की पहचान नहीं हो पाई है।

Covid 19: ট্রেনে থিকথিক ভিড়ে অট্টহাসি করোনার, আশঙ্কায় চিকিৎসকরা

Coronavirus local train

News Desk, Kolkata: সপ্তাহ শুরু হলো সংক্রমণের জেট গতি দিয়ে। লোকাল ট্রেনের থিকথিকে ভিড় দেখে এমনই আশঙ্কা করছেন চিকিৎসক ও বিশেষজ্ঞরা। প্রবল ভি়ড়ের চাপে করোনা বিধি উড়ে গিয়েছে। আর এই ভিড় দেখে অট্টহাসি শুরু করেছে করোনাভাইরাস।

দুর্গাপূজার ভিড় সংক্রমণ ছড়িয়েছে তার প্রমাণ প্রতিদিনই করোনা আক্রান্তের সংখ্যার হার বাড়ছে। এবার লোকাল ট্রেন চালু হওয়ায় সংক্রমণ গতি আরও বাড়তে চলল।

৫০ তাংশ যাত্রী নিয়ে রবিবার থেকেই চালু হয়েছে লোকাল ট্রেন পরিষেবা ৷ রাজ্য সরকারের এই সিদ্ধান্তে রেলযাত্রীরা খুশি। কারণ ট্রেনে যাতায়াত সস্তাজনক ও দ্রুত। কিন্তু ভিড়ের ঠেলায় করোনা ছড়ানোর আশঙ্কা প্রবল।

সোমবার সেই ছবি স্পষ্ট হয়েছে। নতুন করে ট্রেন চালু হতেই, হাওড়া কর্ড ও মেন শাখা, শিয়ালদহের সব শাখা, শহরতলির চক্ররেলেপ কামরা ভিড় আগের মতো। একইভাবে বর্ধমান আসানসোল শাখাতেও ভিড়। লোকাল ট্রেনে বাদুড়ঝোলা হয়ে যাত্রীদের গন্তব্যে পৌঁছে যাচ্ছেন। খুলে যাচ্ছে মাস্ক। তাতে নো পরোয়া।