मुंबई बारिश से यातायात ठप, शहर में मची अफरा-तफरी

मुंबई: मुंबई में हालिया भारी बारिश के बाद, यातायात बृहस्पतिवार को धीरे-धीरे सामान्य हो गया। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने इस दिन मुंबई और आसपास के क्षेत्रों के लिए ‘रेड अलर्ट’ जारी किया था। बुधवार को हुई भारी बारिश के कारण मुंबई के निचले इलाकों में जलभराव हो गया था, जिससे लोकल ट्रेनों का संचालन प्रभावित हुआ और कई उड़ानों के मार्ग में बदलाव किया गया। 

अंधेरी क्षेत्र में एक 45 वर्षीय महिला नाले में डूब गई। वहीं, एक गर्भवती महिला को पुलिस ने बारिश के कारण अस्पताल पहुंचाने में मदद की। बता दें क‌ि गुरूवार को अधिकांश क्षेत्रों में बारिश रुक गई, लेकिन बादल छाए रहे। लोकल ट्रेनों का संचालन सामान्य रूप से हो रहा है, हालांकि कुछ सेवाओं में थोड़ी देरी देखी गई।

बीएमसी (बृहन्मुंबई महानगर निगम) ने सभी स्कूलों और कॉलेजों में अवकाश की घोषणा की है।भारी बारिश के कारण भांडुप के सोनापुर क्षेत्र सहित कई इलाकों में सड़कें जलमग्न हो गई थीं। कुछ स्थानों पर जलस्तर सीने तक पहुंच गया, जिससे स्थानीय निवासियों को समस्याओं का सामना करना पड़ा।

आगरा में बारिश से ताजमहल के मुख्य गुंबद में पानी का रिसाव

लखनऊ: पिछले तीन दिनों से लगातार हो रही बारिश के कारण ताजमहल के मुख्य गुंबद से पानी का रिसाव हो गया, जिससे परिसर स्थित एक उद्यान जलमग्न हो गया। ताजमहल परिसर में डूबे बगीचे का कथित वीडियो गुरुवार को वायरल हो गया और इसने पर्यटकों का ध्यान खींचा।  

हालांकि, भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण, आगरा सर्कल के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि मुख्य गुंबद में रिसाव के कारण रिसाव हो रहा है और इससे कोई नुकसान नहीं हुआ है।

ताजमहल के मुख्य गुंबद में रिसाव के बारे में बात करते हुए, भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण, आगरा सर्कल के अधीक्षण प्रमुख राजकुमार पटेल ने पीटीआई को बताया, “हां, हमने ताजमहल के मुख्य गुंबद में रिसाव देखा है। उसके बाद जब हमने जांच की तो पता चला कि यह रिसाव के कारण था और मुख्य गुंबद को कोई नुकसान नहीं हुआ था। हमने ड्रोन कैमरे के जरिए मुख्य गुंबद की जांच की है।”

गुरुवार शाम को 20 सेकंड का एक कथित वीडियो इंटरनेट पर वायरल हुआ जिसमें ताजमहल का एक बगीचा बारिश के पानी में डूबा हुआ दिखाई दे रहा है। इस घटना ने ताजमहल घूमने आए पर्यटकों का ध्यान खींचा और कई लोगों ने इसका वीडियो भी बनाया।

एक स्थानीय निवासी, जो सरकारी अनुमोदित टूर गाइड के रूप में काम कर रहा है, ने कहा कि ताजमहल आगरा और पूरे देश का गौरव है। उन्होंने कहा कि यह सैकड़ों स्थानीय लोगों और पर्यटन उद्योग में काम करने वाले लोगों को रोजगार प्रदान करता है।

सरकार द्वारा अनुमोदित टूर गाइड मोनिका शर्मा ने कहा, “स्मारक की उचित देखभाल की जानी चाहिए, क्योंकि पर्यटन उद्योग के लोगों के लिए यह एकमात्र उम्मीद है।” आगरा में पिछले तीन दिनों से लगातार बारिश हो रही है, जिसके कारण शहर के अधिकांश हिस्सों में जलभराव की समस्या देखी जा सकती है।

राष्ट्रीय राजमार्गों में से एक बारिश के पानी से भर गया, फसलें बारिश के पानी में डूब गईं और शहर के पॉश इलाकों में लगातार बारिश के कारण पानी भर गया। आगरा प्रशासन ने बारिश के कारण सभी स्कूलों को बंद करने का आदेश दिया है।

दिल्ली समेत उत्तर-पश्चिम भारत में भारी बारिश की चेतावनी

नयी दिल्ली : राष्ट्रीय राजधानी और देश के मध्य, उत्तर-पश्चिम और पूर्वोत्तर भागों के कुछ हिस्सों में अगले कुछ दिनों के लिए भारी से अत्यधिक भारी वर्षा की चेतावनी जारी की गयी है। मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने शुक्रवार को यह जानकारी दी।

मौसम विभाग ने आज उत्तराखंड में अत्यधिक भारी बारिश के लिए रेड अलर्ट और उत्तर प्रदेश, हिमाचल प्रदेश, हरियाणा, चंडीगढ़, दिल्ली, राजस्थान, मध्य प्रदेश, बिहार, नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम, त्रिपुरा, पश्चिम बंगाल, झारखंड और ओडिशा में बहुत भारी से भारी बारिश के लिए येलो अलर्ट जारी किया है।

विभाग के अनुसार, मौसम में यह बदलाव एक दबाव से प्रभावित है जो मथ्य भारत में विकसित हुआ और उत्तर प्रदेश की ओर बढ़ गया। आईएमडी ने बताया कि मध्य उत्तर प्रदेश पर बने दबाव के उत्तर-पूर्व की ओर बढ़ने और अगले 12 घंटों के भीतर धीरे-धीरे कमजोर होकर एक स्पष्ट कम दबाव वाले क्षेत्र में तब्दील होने की उम्मीद है।

आईएमडी ने अगले 24 घंटों के दौरान तटीय बंगलादेश और उससे सटे उत्तरी बंगाल की खाड़ी के ऊपर कम दबाव का क्षेत्र बनने का अनुमान जताया है। विभाग ने कहा, “इसके बाद इसके धीरे-धीरे पश्चिम-उत्तर-पश्चिम की ओर बढ़ने और अगले 48 घंटों के दौरान तटीय पश्चिम बंगाल और इससे सटे उत्तर-पश्चिमी बंगाल की खाड़ी पर एक दबाव में केंद्रित होने के आसार हैं।

दिल्ली और राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) में कल शाम से लगातार हल्की बारिश हो रही है, जिससे शहर में तापमान और वायु गुणवत्ता स्तर में गिरावट आई है। मौसम विभाग के अनुसार कल आमतौर पर बादल छाये रहने से क्षेत्र में बुंदाबांदी जारी रहने का अनुमान है।

कोलकाता में फिर बारिश, जारी हुआ अलर्ट

कोलकाता : महानगर समेत दक्षिण बंगाल में भारी बाारिश का अनुमान है। रविवार की देर रात से ही भारी बारिश शुरू हो गयी है। महानगर, खास कर उत्तर कोलकाता में रात को कई स्थानों पर जलजमाव हो गया। चित्तरंजन एवेन्यू, कालेज स्ट्रीट, ठनठनिया, केशव सेन स्ट्रीट, बड़ाबाजार में जलजमाव की स्थिति थी।
 
दक्षिण कोलकाता के भी कई स्थानें पर बारिश हुई। उल्लेखनीय है कि पिछले कुछ दिनों से महानगर में बारिश हो रही है। तमाम दावों के बावजूद जलजमाव नहीं रोका जा रहा है। बंगाल की खाड़ी का मूड इन दिनों जल्दी-जल्दी बिगड़ रहा है। कुछ दिनों पहले ही बंगाल की खाड़ी में साइक्लोनिक सर्कुलेशन बनने से कम दबाव का क्षेत्र बन गया था।
 
इसके चलते पश्चिम बंगाल में भारी से बहुत भारी बारिश रिकॉर्ड की गई थी। पूर्वोत्तर के राज्यों में भी तेज बारिश हुई थी। अब एक बार फिर से बंगाल की खाड़ी में चक्रवाती तूफान जैसी स्थिति बन रही है। भारतीय मौसम विज्ञान विभागने साइक्लोन जैसे हालात को देखते हुए अलर्ट जारी किया है तथा दो दिनों तक भारी वर्षा होने का अनुमान जताया है।
 
मौसम विज्ञान के विशेषज्ञों ने बताया कि दक्षिण बांग्लादेश और आसपास के इलाकों में कम दबाव का क्षेत्र बना हुआ है। आने वाले दिनों में इसके और प्रभावी होने की संभावना जताई है। मौसम विभाग ने बताया कि इसके चलते पश्चिम बंगाल, उत्तरी ओडिशा और झारखंड में मूसलाधार बारिश होने की संभावना जताई गई है।

पश्चिम बंगाल में 28 जून तक लगभग सभी जिलों में हल्की से मध्यम बारिश

कोलकाता: बीते दो दिनों से दक्षिण बंगाल के लोगों ने तापमान गिरने से राहत की सांस ली है। बता दें कि ये मानसूनी नहीं बल्कि प्री-मानसून बारिश है। फिलहाल, कोलकाता समेत राज्य के कई जिलों में थोड़ी राहत है। अलीपुर मौसम विभाग ने बताया कि फिलहाल यही स्थिति बनी रहेगी। 28 जून तक लगभग सभी जिलों में हल्की से मध्यम बारिश होगी। 15 जिलों में बारिश की ज्यादा संभावना है। इससे बाकी जिलों में तापमान गिरेगा। हालांकि, मौसम विभाग ने पूरी तरह से भीषण गर्मी खत्म होने को लेकर कुछ नहीं कह रहा है।

कोलकाता समेत दक्षिण बंगाल के लगभग सभी जिलों में शुक्रवार को भी बादल छाए हुए हैं। अलीपुर मौसम विभाग के अनुसार 31 मई को उत्तर बंगाल में मानसून प्रवेश कर चुका है लेकिन वहां से आगे नहीं बढ़ा। दक्षिण-पश्चिम मानसून गुरुवार को अब थोड़ा आगे बढ़ गया है। लेकिन अभी भी उत्तर बंगाल में इसका असर है। गुरुवार को दिनाजपुर और मालदा के बड़े हिस्से में मानसून ने दस्तक दी। मानसून की स्थिति बनने में अभी भी दो से तीन दिन लगेंगे। यह बात मौसम विभाग ने कही है।

मौसम विभाग ने कहा कि दक्षिण-पश्चिम मानसून छत्तीसगढ़, ओडिशा, उत्तर-पश्चिम बंगाल की खाड़ी, हिमालय से सटे पश्चिम बंगाल के अन्य हिस्सों और बिहार के कुछ हिस्सों में प्रवेश कर चुका है। इसके अलावा अमरावती, गोंदिया, दुर्ग, रामपुर (कालाहांडी), मालदह, भागलपुर, रक्सौल से होकर आगे बढ़ चुका है। अगले तीन-चार दिनों में उत्तरी अरब सागर, गुजरात, महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, ओडिशा, उत्तर पश्चिम बंगाल की खाड़ी और कुछ अन्य हिस्सों में मानसून के प्रवेश के लिए उपयुक्त परिस्थितियाँ विकसित हो सकती हैं।

इस बीच उत्तर बंगाल में भारी से बहुत भारी बारिश की चेतावनी जारी की गई है। हालांकि गुरुवार दोपहर कोलकाता समेत कुछ दक्षिणी जिलों में छिटपुट बारिश हुई, लेकिन मिजाज कम नहीं हुआ। लोग सामान्य मानसूनी बारिश का इंतजार कर रहे हैं, क्योंकि लगातार हल्की बारिश के बिना गर्मी कम नहीं होगी। किसान भी मानसून का इंतजार कर रहे हैं। अगर इस समय बारिश नहीं हुई तो फसल खराब होने का खतरा है।

कोलकाता में जमकर बारिश होने की संभावना

कोलकाता : अगले दो से तीन घंटों में कोलकाता में हल्की बारिश होने वाली है। शहर के अधिक हिस्सों में गरज के साथ बारिश होने की संभावना है। अलीपुर मौसम विभाग ने पहले ही गरज के साथ बारिश और तेज हवाएं चलने की येलो अलर्ट जारी कर दी है। आपदा के दौरान आम लोगों को सुरक्षित स्थानों पर रहने को कहा गया है। कोलकाता के आसपास के इलाकों में बारिश और तेज हवाएं शुरू हो चुकी हैं।

गुरुवार को आखिरकार आम लोगों को राहत की सौगात मिलने वाली है। आसमान पहले से ही काले बादलों से ढका हुआ है। कोलकाता के आसपास के जिलों में बारिश शुरू हो गई है। मौसम विभाग ने कहा है कि कुछ ही देर में कोलकाता में बारिश होने वाली है। इसके परिणामस्वरूप, कोलकाता के लोगों को पिछले कुछ दिनों से जिस गंभीर स्थिति से गुजरना पड़ रहा है, उससे राहत मिलने की उम्मीद है।

मौसम विभाग ने कहा, हालांकि, पूर्ण मानसून आने में अभी देर है। इस बारिश को प्री-मानसून बारिश भी कहा जा रहा है। आम लोगों को भी उम्मीद है कि इस बारिश से चिलचिलाती गर्मी से राहत मिल सकती है। मौसम वैज्ञानिकों का मानना ​​है कि लू के लगातार प्रकोप से कुछ राहत मिल सकती है।

दक्षिण बंगाल भीषण गर्मी से जूझ रहा है। ऐसे में आम लोग बारिश का इंतजार ही कर रहे थे। मौसम विभाग ने कहा है कि अब इंतजार खत्म होने वाला है। दक्षिण बंगाल में सप्ताहांत और अगले सप्ताह भी भारी बारिश होने की संभावना है। लेकिन अगर बारिश भी हुई तो अभी गर्मी से निजात नहीं मिलेगी। दक्षिण बंगाल में आज भी गर्म और उमस भरी स्थिति बनी रहेगी। हालांकि, बारिश में पारा काफी गिर सकता है।

मौसम विभाग ने कहा है कि कोलकाता समेत दक्षिण बंगाल में कुछ जगहों पर गरज के साथ छिटपुट बारिश हो सकती है। दूसरी ओर, उत्तर बंगाल में आपदा अभी कुछ समय तक जारी रहेगी। सिक्किम और भूटान की पहाड़ियों के अलावा, दार्जिलिंग, कलिम्पोंग, अलीपुरद्वार, कूच बिहार और जलपाईगुड़ी में भारी से बहुत भारी बारिश होने की संभावना है। विभिन्न नदियों का जलस्तर बढ़ेगा। पहाड़ी इलाकों में भूस्खलन का खतरा है।

भीषण गर्मी की चपेट में दक्षिण बंगाल, कुछ हिस्सों में हो रही बारिश

कोलकाता: बंगाल के एक कोने में जमकर बारिश हो रही है जबकि दूसरे कोने में लोग बारिश के लिए तरस रहे हैं। दक्षिण बंगाल में गर्मी के साथ उमस से लोगों की बेचैनी बढ़ती जा रही है। साथ ही कहीं-कहीं फिर से लू चलने की भी आशंका है। ऐसे में बारिश को लेकर मौसम विभाग ने ताजा अपडेट दिया है।

मौसम विभाग सूत्रों के अनुसार मंगलवार(11 जून) को भी दक्षिण बंगाल के कुछ जिलों में लू चलने की संभावना है। हालांकि, सभी जिलों में भीषण गर्मी और असहज जैसी स्थिति बनी रहेगी। अगले 48 घंटों में दक्षिण बंगाल के मौसम में कोई खास बदलाव होने की संभावना नहीं है।

अलीपुर मौसम विभाग ने कहा कि दक्षिण बंगाल के छह जिलों में मंगलवार को लू चलने की संभावना है। हुगली, पश्चिमी मिदनापुर, झाड़ग्राम, पुरुलिया, बांकुरा और बीरभूम में लू चलने का खतरा है। हालांकि, इन छह जिलों में से बांकुरा और पश्चिमी मिदनापुर के लिए ऑरेंज अलर्ट जारी किया गया है। इसके अलावा दक्षिण बंगाल के बाकी जिलों में भी तापमान बढ़ेगा। साथ ही उमस से परेशानी भी बनी रहेगी।

मौसम कार्यालय सूत्रों के अनुसार गुरुवार से दक्षिण बंगाल में मौसम बदल सकता है। ऐसे में इन दिनों दक्षिणी जिलों में गरज के साथ हल्की बारिश होने की संभावना है। शुक्रवार से बारिश की मात्रा बढ़ सकती है। लेकिन दक्षिण बंगाल के लोगों को अभी गर्मी से बहुत ज्यादा राहत मिलने की संभावना है।

मंगलवार को अधिकतम तापमान 38 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहेगा। वहीं न्यूनतम तापमान 30 डिग्री सेल्सियस रह सकता है। सोमवार को कोलकाता में अधिकतम तापमान 37.6 डिग्री सेल्सियस था। जो सामान्य से 3.1 डिग्री सेल्सियस अधिक है। न्यूनतम तापमान 30.2 डिग्री सेल्सियस रहा। जो सामान्य से 3 डिग्री सेल्सियस अधिक है।

बारिश थमते ही बढ़ने लगी गर्मी, लोग परेशान

कोलकाता : महानगर कोलकाता समेत राज्य के अन्य हिस्सों में चक्रवात रेमल के प्रभाव से बारिश थमने के बाद एक बार फिर गर्मी बढ़ गई है। अलीपुर स्थित मौसम विभाग के क्षेत्रीय मुख्यालय की ओर से बुधवार को जारी बयान में इस बारे में जानकारी दी गई है।

इसमें बताया गया है कि कोलकाता में न्यूनतम तापमान सामान्य से तीन डिग्री अधिक 29.4 डिग्री सेल्सियस है जबकि अधिकतम तापमान सामान्य से दो डिग्री कम महज 33 डिग्री सेल्सियस है। हालांकि सप्ताहांत से एक बार फिर तापमान में बढ़ोतरी का सिलसिला शुरू होगा जो एक बार फिर 39-40 डिग्री सेल्सियस के करीब पहुंच सकता है।

कोलकाता के अलावा हावड़ा, हुगली, उत्तर और दक्षिण 24 परगना, पूर्व और पश्चिम मेदिनीपुर, पुरुलिया, बांकुड़ा, मुर्शिदाबाद, झाड़ग्राम सहित जंगल महल के इलाकों में तापमान 28 से 35 डिग्री सेल्सियस के बीच बना हुआ है। आसमान में बादल छाए हुए हैं इसलिए गर्म हवाएं ऊपर नहीं उठ पा रही हैं। आज भी दिन के समय हल्की बारिश हो सकती है। 

Weather Update : বজ্র-বিদ্যুৎ সহ বৃষ্টির সম্ভাবনা, জারি কমলা বিপদসংকেত

Kolkata weather update today

শীতের আকাশে ফের বৃষ্টির সম্ভাবনা (Weather Update) । রাজ্যের আকাশে ফের জমতে চলেছে কালো মেঘ। ১১ জানুয়ারি রাজ্যে জারি করা হয়েছে কমলা বিপদসংকেত।

Weather Update সম্প্রতি পশ্চিমের রাজ্যগুলোতে বদলেছে আবহাওয়া। বৃষ্টিতে ভিজেছে দিল্লি। আগামী দিনগুলোতে মধ্য এবং পূর্বের রাজ্যগুলোতেও মেঘের আনাগোনা বাড়বে বলে পূর্বাভাস মৌসম ভবনের। ১০ জানুয়ারি কমলা বিপদ-সংকেত জারি করা হয়েছে, পূর্ব মধ্যপ্রদেশ, বিদর্ভ এবং ছত্তিশগড়ে। ১১ তারিখে আরও একটু বাড়বে বৃষ্টির ব্যাপ্তি। ঝাড়খণ্ড এবং পশ্চিমবঙ্গে রয়েছে বৃষ্টির সম্ভাবনা। ১২ তারিখে বৃষ্টি হতে পারে রাজ্যের উত্তরের জেলাগুলোতে। বৃষ্টির সঙ্গে বজ্র-বিদ্যুৎ অথবা শিল পড়ার সম্ভাবনা রয়েছে বলেও জানিয়েছেন আবহাওয়াবিদরা। বিহারেও ১১ জানুয়ারি বৃষ্টির সম্ভাবনা রয়েছে।

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p style=”text-align: justify;”>সবথেকে বেশি বৃষ্টি হতে পারে ওডিশায়। সেখানেও কমলা বিপদ সংকেত জারি করা হয়েছে। ভারী বৃষ্টি হতে পারে সেখানে। ১১ তারিখে হালকা থেকে মাঝারি বৃষ্টি হতে পারে ওডিশায়। এরপর ভারী বৃষ্টি। বৃষ্টি বেশি হতে পারে ১২ তারিখে। এরপরের দিনে আবহাওয়া উন্নতি হওয়ার সম্ভাবনা কম। তবে ১৩ তারিখেও সাগর পারের এই রাজ্য ভিজতে পারে বলে মনে করা হচ্ছে। আবহাওয়ায় অবনতির কারণে ঘন কুয়াশা এবং শৈত্য প্রবাহ জনজীবনে প্রভাব ফেলতে পারে দেশের পশ্চিমে। রাজস্থান, পাঞ্জাব, হরিয়ানা এবং উত্তর প্রদেশে বাড়তে পারে শীতের প্রকোপ।

Weather Update: ফের নামল পারদ, সকাল থেকেই দক্ষিণবঙ্গের একাধিক জেলায় বৃষ্টি

Rain in Bengal

নিউজ ডেস্ক: কলকাতায় ফের পারদ পতন। আজ কলকাতার (Kolkata) সর্বনিম্ন তাপমাত্রা ১৬.৬ ডিগ্রি সেলসিয়াস। যা স্বাভাবিকের থেকে ৩ ডিগ্রি বেশি। আলিপুর আবহাওয়া দফতরের (Alipore Meteorological Office) পূর্বাভাস, ধীরে ধীরে নামতে শুরু করবে পারদ। নতুন বছরের শুরু থেকে ফের জাঁকিয়ে শীতের (Winter) সম্ভাবনা। 

আকাশ মেঘলা থাকলেও গত ২ দিন কলকাতায় বৃষ্টি হয়নি। বৃহস্পতিবার সকালে হালকা কুয়াশায় ঢেকেছিল কলকাতা। জেলাতেও কোথাও কোথাও ঘন কুয়াশায় ঢেকেছে। বেলা বাড়লেও আকাশ মেঘাচ্ছন্ন থাকবে বলে জানিয়েছে আলিপুর আবহাওয়া দফতর। সেই সঙ্গে কলকাতার কোথাও কোথাও বিক্ষিপ্ত বৃষ্টিও হয়েছে।

আবহবিদদের একাংশ জানাচ্ছেন, উত্তর-পশ্চিম ভারতে হাজির হওয়া পশ্চিমী ঝঞ্ঝার কারণেই উত্তুরে হাওয়া বাধা পেয়েছে। সেই ঝঞ্ঝা ক্রমশ পূর্বভারতের দিকে বয়ে আসার ফলে রাতের পারদ পতনেও বাধা সৃষ্টি করছে। এই ঝঞ্ঝার প্রভাব কাটলেই বাধাহীনভাবে বইবে উত্তুরে হাওয়া। তখন ফের ফিরবে ঠান্ডার আমেজ।

এদিকে কনকনে ঠান্ডায় কাঁপছে উত্তর ভারত।  কাশ্মীর, হিমাচলপ্রদেশ, উত্তরাখণ্ডে তুষারপাত হয়েছে। তুষারপাত হয়েছে সিকিম ও দার্জিলিঙের সান্দাকফুতেও। আলিপুর আবহাওয়া দফতর (Alipore Meteorological Office) জানিয়েছিল, পশ্চিমী ঝঞ্ঝার কারণে বেড়েছে তাপমাত্রা। পশ্চিমী ঝঞ্ঝা কাটলে নতুন বছরের শুরু থেকে ফের নামবে পারদ। 

Weather Update: আজ থেকে দক্ষিণবঙ্গের একাধিক জেলায় বৃষ্টির পূর্বাভাস

Heavy rain to follow in west bengal

নিউজ ডেস্ক, কলকাতা:  শীতের মরশুমে উধাও শীত! সেই সঙ্গে বাড়ছে তাপমাত্রা। এদিকে ঘূর্ণাবর্তের কারণে বুধবার একাধিক জেলায় বৃষ্টির পূর্বাভাস রয়েছে। আবহাওয়া দফতর সূত্রে খবর, পশ্চিমী ঝঞ্ঝার জেরেই রাজ্যে ঊর্ধ্বমুখী তাপমাত্রা।

এদিন সকাল থেকেই মহানগরের আকাশের মুখ ভার। কলকাতা-সহ দক্ষিণবঙ্গের বিভিন্ন জেলায় সকাল থেকেই মেঘলা আকাশ। কোথাও কোথাও ঘন কুয়াশা দেখা গিয়েছে। কলকাতার সর্বনিম্ন তাপমাত্রা ১৭.৪ ডিগ্রি সেলসিয়াস। যা স্বাভাবিকের থেকে ৪ ডিগ্রি বেশি। আলিপুর হাওয়া অফিস সূত্রে খবর, উত্তরপ্রদেশের উপর একটি ঘূর্ণাবর্ত অবস্থান করছে। যার জেরে বুধবার রাজ্যের মুর্শিদাবাদ, বাঁকুড়া, পশ্চিম মেদিনীপুর, ঝাড়গ্রামে হালকা থেকে মাঝারি বৃষ্টিপাতের সম্ভাবনা রয়েছে। বৃহস্পতিবার পর্যন্ত বৃষ্টিপাত চলবে। কলকাতা, দুই পরগনা, পূর্ব মেদিনীপুর, হুগলি, বর্ধমান এবং নদিয়ায় হাল্কা বৃষ্টি হতে পারে আগামী ২৪ ঘণ্টায়। হাল্কা থেকে মাঝারি বৃষ্টি হতে পারে পশ্চিম মেদিনীপুর, ঝাড়গ্রাম, বাঁকুড়া, পুরুলিয়া, পশ্চিম বর্ধমান জেলায়। মেঘলা আবহাওয়ার জন্য শীতের আমেজ উধাও হতে পারে দক্ষিণবঙ্গের জেলাগুলিতে।

আবহাওয়া দফতর আরও জানিয়েছে, শুক্রবার অর্থাত্‍ ৩১ ডিসেম্বর বৃষ্টির কোনও পূর্বাভাস নেই। তবে জানুয়ারির শুরুর দিকে পশ্চিমী ঝঞ্ঝা আসতে চলেছে। পশ্চিমী ঝঞ্ঝা ও পুবালি হাওয়ার সংঘাতে বৃষ্টিপাতের সম্ভাবনা রয়েছে পূর্ব ভারতেও।

অন্যদিকে ১ তারিখ থেকে গোটা রাজ্যেই পারদ নামবে। ফলে, নতুন বছরেই ফর্মে ফিরবে শীত, এমনটাই জানাচ্ছেন আবহাওয়াবিদরা। তবে এখনও পর্যন্ত আবহাওয়ার যা পরিস্থিতি তাতে নতুন বছর শুরুর আগে জাঁকিয়ে ঠান্ডার অনুভূতি মিলবে না। নতুন বছর শুরুর কয়েকদিন পর থেকেই ফের নামতে পারে পারদ।

Weather Update: বাড়ল তাপমাত্রা, ফের বৃষ্টির পূর্বাভাস

kolkata-winter

নিউজ ডেস্ক, কলকাতা: গোটা বছর জুড়েই কমবেশি বৃষ্টি হয়েছে। বছরের শুরু থেকেই ভুগিয়েছে বৃষ্টি। এবার বছরের শেষ লগ্নে শীতের পথেও কাঁটা হয়ে দাঁড়িয়েছে সেই বৃষ্টি। বিহারে থাকা ঘূর্ণাবর্ত এবং পশ্চিমী ঝঞ্ঝার কারণে উত্তরবঙ্গের বেশ কিছু জেলায় এবং দক্ষিণবঙ্গের বেশ কিছু জেলায় এই শীতের মাঝেই বৃষ্টি হতে পারে বলে জানিয়েছে আলিপুর আবহাওয়া দফতর। হাওয়া অফিসের পূর্বাভাসে বলা হয়েছে সোমবার সকাল থেকেই আকাশ থাকবে মেঘলা। পাশাপাশি তাপমাত্রাও ১ থেকে ২ ডিগ্রি সেলসিয়াস বাড়বে। 

হালকা থেকে মাঝারি বৃষ্টির সম্ভাবনা রয়েছে উত্তরবঙ্গের দার্জিলিং ও কালিম্পঙে। মঙ্গলবার থেকে বৃষ্টি বাড়বে। বুধবারও হালকা থেকে মাঝারি বৃষ্টি হতে পারে। হাওয়া অফিসের তরফে জানান হয়েছে আগামী ৪৮ ঘণ্টায় তাপমাত্রা আরও বাড়বে। আকাশও মেঘলা থাকবে। কুয়াশার দাপট বাড়বে।

মঙ্গলবার পশ্চিমের জেলাগুলিতে বৃষ্টিপাতের সম্ভাবনা রয়েছে। পুরুলিয়া, বাঁকুড়া, পশ্চিম বর্ধমান‌, বীরভূমে হালকা থেকে মাঝারি বৃষ্টির সম্ভাবনা রয়েছে। বুধবার পুরুলিয়া, মুর্শিদাবাদ, পূর্ব বর্ধমান, ঝাড়গ্রামে বৃষ্টি বাড়বে। যদিও কলকাতা ও পার্শ্ববর্তী এলাকায় বৃষ্টিপাতের সম্ভাবনা নেই। তবে সকালে ও রাতে কুয়াশার দাপট বাড়বে।

বঙ্গোপসাগর থেকে ধীরে ধীরে জলীয় বাষ্পপূর্ণ বাতাস প্রবেশ করতে শুরু করছে। যার জেরে আবহাওয়ায় বদল আসবে। তবে বছরের শুরুতে ফের রাজ্যে জাঁকিয়ে ব্যাটিং করবে শীত। হাওয়া অফিস সূত্রে খবর, আগামী সপ্তাহে ফের তাপমাত্রা পতনের সম্ভাবনা রয়েছে।

গত ২৪ ঘণ্টায় আবারও ১ ডিগ্রি বেড়ে গেছে কলকাতার তাপমাত্রা। আবহাওয়া দফতরের তরফে জানা গেছে সোমবার কলকাতার সর্বনিম্ন তাপমাত্রা থাকছে ১৬.৫ ডিগ্রি সেলসিয়াস। যা গতকালের চেয়ে প্রায় ১ ডিগ্রি বেশি। আর এদিন সর্বোচ্চ তাপমাত্রা উঠতে পারে ২৪.৫ ডিগ্রি পর্যন্ত।

Cyclone Jawad: বৃষ্টিতে জলমগ্ন কলকাতার একাধিক জায়গা

kolkata

নিউজ ডেস্ক : শক্তি হারিয়ে পুরী উপকূল দিয়ে এগিয়ে বাংলায় প্রবেশ করেছে নিম্নচাপ জাওয়াদ (Cyclone Jawad)। যার প্রভাবে রবিবার রাত থেকে দক্ষিণবঙ্গের জেলাগুলিতে ভারী বৃষ্টিপাত হয়েছে। যা জারি রয়েছে সোমবার সকালেও। কলকাতায় রাতভর বৃষ্টি হয়েছে। ঠনঠনিয়া সহ বেশ কয়েকটি অপেক্ষাকৃত নীচু অঞ্চলে জলও জমেছে। আজও বৃষ্টির সম্ভাবনা রয়েছে গাঙ্গেয় পশ্চিমবঙ্গে। বাংলাদেশ লাগোয়া ৩ জেলায় ভারী বৃষ্টির সর্তকতা রয়েছে। এছাড়া আরও ৪ জেলায় মাঝারি বৃষ্টির পূর্বাভাস রয়েছে। সোমবার সকাল পর্যন্ত মৎস্যজীবীদের সমুদ্রে যেতে নিষেধ করা হয়েছে। 

ঘূর্ণিঝড় জাওয়াদ (Jawad) শক্তি ক্ষয় করে উত্তর ও উত্তর-পূর্ব দিকে এগিয়ে যাবে। সুস্পষ্ট নিম্নচাপ রূপে বাংলার উপকূলে নিম্নচাপের প্রভাব দেখা যাবে। এই মুহূর্তে এই নিম্নচাপ বাংলা ও বাংলাদেশ উপকূলে উত্তরপূর্ব বঙ্গোপসাগরে অবস্থান করছে। এরপর তা ক্রমশ নিম্নচাপ রূপে বাংলাদেশের দিকে এগিয়ে যাবে। বাংলাদেশ লাগোয়া জেলাগুলিতে যেমন উত্তর ২৪ পরগনা, নদীয়া এবং মুর্শিদাবাদে ভারী বৃষ্টির সম্ভাবনা রয়েছে। এছাড়াও হালকা থেকে মাঝারি বৃষ্টি হবে কলকাতা, হাওড়া, হুগলি ও পূর্ব বর্ধমানে। দক্ষিণবঙ্গের বাকি জেলাগুলিতে পরিস্থিতি উন্নতির সম্ভাবনা রয়েছে।

আবহাওয়া দফতর আগেই জানিয়েছে, সোমবার কলকাতা ও দক্ষিণবঙ্গের জেলাগুলিতে ভারী বৃষ্টি হবে। দিনভর আকাশ মেঘলা থাকবে। তবে, সময় যত এগোবে ততই আবহাওয়ার উন্নতি হবে। বৃষ্টি কমবে। মঙ্গলবার থেকে ক্রমশ স্বাভাবিক হবে  আবহাওয়া। পশ্চিমবঙ্গের উপূকল বরাবর ও পাশ্বর্বর্তী অঞ্চলে আজ দুপুর পর্যন্ত ঘণ্টায় প্রায় ৪০-৬০ কিলোমিটার গতিতে ঝোড়ো হাওয়া বইবে। তবে বিকেলের পর ঝোড়ো হাওয়ার বেগ ক্রমশ কমবে। মঙ্গলবার থেকে আবহাওয়ার ক্রমশ উন্নতি হবে। এরপর কয়েকদিন আবহাওয়া স্বাভাবিক থাকবে। ১১ ডিসেম্বর থেকে পারদ পতন শুরু হতে পারে। তারপর থেকে দক্ষিণবঙ্গের জেলাগুলিতে স্থায়ীভাবে জাঁকিয়ে ঠান্ডা পড়ার সম্বাবনা রয়েছে বলে জানিয়েছে হাওয়া অফিস।

Cyclone Jawad: শক্তিক্ষয় হলেও জাওয়াদের প্রভাবে আজ অতিভারী বৃষ্টির পূর্বাভাস

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নিউজ ডেস্ক, কলকাতা: সমুদ্রে থাকাকালীনই শক্তি হারিয়ে নিম্নচাপে পরিণত হয়েছে ঘূর্ণিঝড় জওয়াদ (Cyclone Jawad)। আজ দুপুর নাগাদ তা ওড়িশা (Odisha) উপকূলে পৌঁছবে। বর্তমানে বিশাখাপত্তনম থেকে ১৮০, গোপালপুর থেকে ২০০, পুরী থেকে ২৭০ ও পারাদ্বীপ থেকে ৩৬০ কিলোমিটার দূরে অবস্থান করছে। ওড়িশা উপকূল ধরে বাংলার দিকে এগোলেও আগামী ১২ ঘণ্টায় ক্রমশ দুর্বল হবে নিম্নচাপ।

জাওয়াদ শক্তি হারালেও দুর্যোগের হাত থেকে রেহাই পাবে না বঙ্গবাসী। ইতিমধ্যে এর প্রভাবে শনিবার থেকেই কলকাতা-সহ দক্ষিণবঙ্গের বেশ কয়েকটি জেলায় বৃষ্টি শুরু হয়েছে। নিম্নচাপের প্রভাবে রবিবার সকাল থেকেই দক্ষিণবঙ্গের অধিকাংশ জেলায় হালকা বৃষ্টি শুরু। বেলা যত বাড়বে বৃষ্টির প্রকোপ ততই বাড়বে। আজ কলকাতা-সহ দুই ২৪ পরগনা, দুই মেদিনীপুরে ভারী থেকে অতি ভারী বৃষ্টির সতর্কতা জারি করেছে আলিপুর আবহাওয়া দফতর। ঝাড়গ্রামেও আজ প্রবল বৃষ্টির আশঙ্কা। কোনও কোনও জেলায় আজ বজ্রবিদ্যুত্‍-সহ বৃষ্টির সম্ভাবনাও রয়েছে।

আলিপুর আবহাওয়া দফতর জানিয়েছে, সোমবারও কলকাতা-সহ গাঙ্গেয় পশ্চিমবঙ্গে বৃষ্টি হবে। মত্স্যজীবীদের সমুদ্রে যেতে নিষেধ করা হয়েছে। প্রাকৃতিক এই দুর্যোগ মোকাবিলায় তৈরি রাজ্য সরকার। পরিস্থিতি পর্যালোচনায় আগামী মঙ্গলবার পর্যন্ত সেচ, বিদ্যুত্‍ ও বিপর্যয় মোকাবিলা দফরের কর্মীদের ছুটি বাতিল করা হয়েছে। প্রতিনিয়ত আবহাওয়ার পরিস্থিতি ও তার মোকাবিলায় নেওয়া একাধিক ব্যবস্থা সম্পর্কে খোঁজখবর নিচ্ছেন মুখ্যমন্ত্রী মমতা বন্দ্যোপাধ্যায়। রাজ্যের উপকূলবর্তী এলাকাগুলির সমুদ্র সৈকতে কড়া নজরদারি রাখা হচ্ছে। শনিবার রাত থেকেই সমুদ্র উত্তাল। পর্যটকদের সমুদ্রে নামতে নিষেধ করা হয়েছে। দিঘা, কাকদ্বীপ থেকে কলকাতায় সকাল থেকে শুরু হয়েছে বৃষ্টি। উপকূলবর্তী এলাকায় চলছে মাইকে প্রচার। 

Cyclone Jawad: সপ্তাহান্তে ধেয়ে আসছে ঘূর্ণিঝড় জাওয়াদ

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নিউজ ডেস্ক: ইয়াসের পর এবার ধেয়ে আসছে ঘূর্ণিঝড় জাওয়াদ (Cyclone Jawad)। সপ্তাহের শেষে কলকাতা সহ উপকূল সংলগ্ন জেলায় ঝোড়ো হাওয়ার সঙ্গে অতিভারী বৃষ্টির সর্তকতা জারি করা হয়েছে।

আবহাওয়া দফতর সূত্রের খবর, দক্ষিণ থাইল্যান্ডের ঘূর্ণাবর্ত নিম্নচাপে পরিণত হয়েছে। সেটি ক্রমশ দক্ষিণ আন্দামান সাগরের দিকে ঢুকবে। শক্তি সঞ্চয় করে এই গভীর নিম্নচাপ সেখানেই ঘূর্ণিঝড়ে পরিণত হবে। নাম হবে জাওয়াদ।

শনিবার সকালে এটির উত্তর অন্ধ্রপ্রদেশ অথবা ওড়িশা উপকূলে আছড়ে পড়ার সম্ভাবনা রয়েছে। এর প্রভাবে শনিবার সকালে পশ্চিমবঙ্গের সমুদ্র উপকূলে বাতাসের গতিবেগ ৬৫ থেকে ৮০ কিলোমিটার হতে পারে। আবহাওয়া দফতর শুক্রবার থেকে রবিবার পর্যন্ত মৎস্যজীবীদের সমুদ্রে মাছ ধরতে যেতে নিষেধ করেছে। যারা সমুদ্রের রয়েছেন তাঁদের বৃহস্পতিবার সন্ধ্যার মধ্যে ফিরে আসতে বলা হয়েছে।

এই ঘূর্ণিঝড়ের প্রভাবে কলকাতা সহ দক্ষিণবঙ্গের একাধিক জেলায় বৃষ্টি, উপকূল ও সংলগ্ন জেলাগুলিতে ঝড়বৃষ্টির সম্ভাবনা রয়েছে। শনি ও রবিবার ঝোড়ো হাওয়ার সঙ্গে ভারী থেকে অতি ভারী বৃষ্টি হতে পারে। শুক্রবার উপকূলের দুই জেলা দুই মেদিনীপুরে ও দক্ষিণ ২৪ পরগনার কিছু অংশে হালকা বৃষ্টির সম্ভাবনা রয়েছে। শনিবার বৃষ্টির সঙ্গে ঝোড়ো হাওয়ার দাপট বাড়বে।

শুক্রবার থেকে কলকাতাতেও আবহাওয়ার পরিবর্তন হবে। মেঘলা আকাশ সঙ্গে হালকা পূবালী বাতাস থাকবে। বজ্রগর্ভ মেঘ থেকে হালকা বৃষ্টির সম্ভাবনা রয়েছে। রবিবার কলকাতায় বৃষ্টি ও ঝড়ের ব্যাপকতা বাড়বে। উল্লেখ্য, বুধবার কলকাতায় সর্বনিম্ন তাপমাত্রা ১৭.৭ ডিগ্রি।

 

 

নিম্নচাপের জেরে রাজ্যে ফের বৃষ্টির সম্ভাবনা প্রবল

Rain in Bengal

News Desk: বৃষ্টি এবারে নাজেহাল করে ছেড়েছে রাজ্যকে। কালীপুজোর সময়ে একদম মেঘ মুক্ত আকাশ ছিল। ঢুকেছে শীতের হাওয়া, কিন্তু এবার ফের বৃষ্টির সম্ভাবনা তৈরি হয়েছে। এমনটাই জানাচ্ছে আলিপুর আবহাওয়া দফতর।

হাওয়া অফিস জানাচ্ছে, আজ বুধবার পর্যন্ত উত্তুরে হাওয়া বাংলায় ঢুকবে,যা আসছিল উত্তর-পশ্চিম ভারত থেকে। তার হাত ধরেই শীতের মেজাজ এসেছে কলকাতা সহ সমগ্র দক্ষিনবঙ্গে। এবার তাতে কিছু পরিবর্তন হবে। বৃষ্টির সম্ভাবনাও রয়েছে। এর কারণ কী? আবহাওয়াবিদরা জানাচ্ছেন, ‘পূর্ব বঙ্গোপসাগর এবং আন্দামানের উপরে একটি নিম্নচাপ অক্ষরেখা তৈরি হয়েছে।

আগামী ১১ অক্টোবর অর্থাৎ বৃহস্পতিবারে সেটি নিম্নচাপে পরিণত হবে। তার প্রভাবে তামিলনাড়ু উপকূলে বৃষ্টি হবে। প্রভাব পড়বে পশ্চিমবঙ্গের উপকূলবর্তী জেলাগুলিতে। তালিকায় রয়েছে উত্তর ২৪ পরগনা, দক্ষিণ ২৪ পরগণা এবং মেদিনীপুরের কিছু অংশ। এখানে হালকা বৃষ্টি হতে পারে। পশ্চিমের জেলায় বজায় থাকবে শীতের আমেজ। উত্তরবঙ্গে বৃষ্টির সম্ভাবনা নেই। শুষ্ক সেখানে শীত বাড়বে”।

এদিকে বাড়ল কলকাতার তাপমাত্রাও। এমনটাই বলছে পারদমাপক যন্ত্র। তবে সর্বোচ্চ তাপমাত্রা রয়েছে স্বাভাবিকের নীচে। যা পরিবর্তন হচ্ছে তা পুরোটাই সর্বনিম্ন তাপমাত্রায়। এমনটাই জানাল হাওয়া অফিস।

বুধবার কলকাতা সর্বনিম্ন তাপমাত্রা এক লাফে বেড়ে প্রায় কুড়ির কাছাকাছি চলে এসেছে। এদিন কলকাতার সর্বনিম্ন তাপমাত্রা ১৯.৭ ডিগ্রি সেলসিয়াস, যা স্বাভাবিকের থেকে এক ডিগ্রি কম। সর্বোচ্চ তাপমাত্রা ছিল ৩০.৪ ডিগ্রি সেলসিয়াস, যা স্বাভাবিকের থেকে এক ডিগ্রি কম। আগামী ২৪ ঘন্টায় তা ৩০ থেমে ৩১এর আশেপাশেই ঘোরাফেরা করবে বলে জানিয়েছে হাওয়া অফিস।

মঙ্গলবার কলকাতার সর্বনিম্ন তাপমাত্রা ছিল ১৮.৯ ডিগ্রি সেলসিয়াস, যা স্বাভাবিকের থেকে দুই ডিগ্রি কম। গতকাল শহরের তাপমাত্রা ছিল ১৮.৩ ডিগ্রি সেলসিয়াস। তার আগের দিন অর্থাৎ রবিবার সর্বনিম্ন তাপমাত্রা ছিল সর্বনিম্ন ১৮.৭ ডিগ্রি সেলসিয়াস। অর্থাৎ পারদ ওঠা নামা করছে কলকাতা ও তার পার্শ্ববর্তী অঞ্চলে। আজ সর্বোচ্চ তাপমাত্রা ঘোরাফেরা করবে ৩০ ডিগ্রির আশেপাশে। একটি নিম্নচাপ রয়েছে। তার জন্য পারদ কিছুটা বাড়তে পারে পরে তা আবারও নামবে। তবে এখনই জাঁকিয়ে শীত নয় বলে স্পষ্ট করে দিয়েছে আলিপুর আবহাওয়া দফতর।

ধসে আটকে সিকিম-দার্জিলিং-কালিম্পংয়ের পর্যটকরা, শিলিগুড়ি আসতেই গলদঘর্ম

Landslide hits many parts in hill area of bengal and sikkim

নিউজ ডেস্ক: আকাশে মেঘের ভয়াল চেহারা কম। তবে দুর্যোগের কারণে ধস নেমে যাওয়ায় প্রতিবেশি রাজ্য সিকিম ( Sikkim), দুই পাহাড়ি জেলা দার্জিলিং (Darjeeling),কালিম্পংয়ের বিভিন্ন রাস্তা ধসের কারণে যানবাহন চলাচল বন্ধ। তবে ধস সরানোর কাজ চলছে। যারা ঘুরতে গিয়েছিলেন তাদের লক্ষ্য যে করেই হোক শিলিগুড়ি নেমে আসা।

সবথেকে বাজে পরিস্থিতিতে সিকিমে যাওয়া পর্যটকরা। কারন, পশ্চিমবঙ্গ ও সিকিমের মাঝে রাংপো সেতুর পিলার জলের তোড়ে ভেসে গেছে। সেতুটি পুনরায় চালু করতে সময় লাগবে। অনেকেই রাংপো পৌঁছে সেতুর অংশ হেঁটে পার হতে চাইছেন। আর দার্জিলিং ও কালিম্পং জেলার বিভিন্ন অংশে ধস নামার ফলে আটকে বহু পর্যটক। কালিম্পংয়ের লাভা, লোলেগাঁওতে সহ আছেন তারা।

‌প্রবল বৃষ্টিতে ডুয়ার্স ও সমতলের বহু এলাকা প্লাবিত। ডুয়ার্সের জলদাপাড়া, গোরুমারা, জয়ন্তীতে বন্যা। পর্যটকরা বিভিন্ন বনবাংলোতে আটকে পড়েছেন। আলিপুরদুয়ার, কোচবিহার, নিউ জলপাইগুড়ি, শিলিগুড়ি স্টেশনে ফেরার জন্য মরিয়া তাঁরা।

তবে আকাশ পরিষ্কার হওয়ায় দুর্যোগ কাটছে। কিন্তু সড়ক পরিবহণ স্তব্ধ। পশ্চিমবঙ্গ ও সিকিম সরকার দ্রুত জাতীয় সড়ক চালু করতে উদ্যোগী। হিমালয়ের এই অকাল বর্ষণের ফলে দুই রাজ্যের পুরো পার্বত্য এলাকার জনজীবন বিপর্যস্ত। বিভিম্ন এলাকা থেকে আসছে দুর্যোগে দুর্ঘটনার কারণে মৃত্যুর সংবাদ।

সুখবর: আসছে বৃষ্টি শেষেই শীতের আমেজ

নিউজ ডেস্ক: এই সপ্তাহের শেষে কলকাতা-সহ দক্ষিণবঙ্গের জেলাগুলিতে শীতের আমেজ অনুভূত হবে। এমনটাই জানিয়েছে আলিপুর আবহাওয়া দফতর। নিম্নচাপ বিহারের দিকে সরে যাওয়ায় উত্তুরে হাওয়া ঢুকতে শুরু করবে রাজ্যে।

তার ফলে শুক্রবার থেকে কলকাতার তাপমাত্রা কমতে শুরু করবে। লাফিয়ে দুই থেকে তিন ডিগ্রি তাপমাত্রা কমে শহরের সর্বনিম্ন তাপমাত্রা থাকবে ২৩ ডিগ্রি সেলসিয়াসের আশপাশে এসে দাঁড়াবে। সেই সঙ্গে উত্তুরে হাওয়ায় শীত শীত ভাব অনুভূত হবে। 

সপ্তাহ শেষে তাপমাত্রা কমবে দক্ষিণবঙ্গের বাকি জেলাগুলিতেও। শুক্রবার থেকে জেলার সর্বনিম্ন তাপমাত্রা আরও কিছুটা কমে ২২ ডিগ্রি সেলসিয়াসের আশপাশে থাকবে। পরিষ্কার আবহাওয়া থাকায় বিকেলের পর থেকে তাপ বিকিরণের পরিমাণও বেশি হবে। তার ফলে সন্ধে নামলেই তাপমাত্রার পতন বেশি হবে। শীতের ভাব অনুভূত হলেও শীত পড়তে এখনও সময় রয়েছে বলেই জানিয়েছে হাওয়া অফিস। তাই এই আবহাওয়াকে প্রাক-শীত বলছেন আবহবিদরা। তবে এই উত্তুরে হাওয়ার হাত ধরেই বাংলায় শীত পড়বে বলে জানিয়েছে আলিপুর।

কালীপুজার পর থেকেই ধীরে ধীরে উত্তুরে হাওয়া ঢুকতে শুরু করবে উত্তরবঙ্গে। ফলে শীতের আমেজ মিলবে নভেম্বরের মাঝামাঝি থেকেই। উত্তরবঙ্গের আবহাওয়া বিশেষজ্ঞ গোপীনাথ রাহা জানিয়েছেন ইতিমধ্যেই উত্তরবঙ্গের বিভিন্ন জেলায় তাপমাত্রা ৩ থেকে ৪ ডিগ্রি নেমে গিয়েছে গত সপ্তাহের চেয়ে। পুজোর সময় যে অস্বস্তি কাজ করেছিল, দীপাবলী ও কালী পুজোয সেই সমস্যা হবে না বলেই প্রতিশ্রুতি দিয়েছেন আবহাওয়াবিদরা।

প্রসঙ্গত দক্ষিনবঙ্গে দিনভর বৃষ্টির সম্ভাবনা থাকছে বলে জানিয়েছে আলিপুর আবহাওয়া দফতর। সকাল থেকেই বিভিন্ন জেলা থেকে বৃষ্টির খবর মিলছে। তা দিনভর চলবে বলেই জানাচ্ছে আলিপুর আবহাওয়া দফতর।

এদিকে হাওয়া অফিস জানাচ্ছে নিম্নচাপ সরে গিয়েছে বিহারের দিকে, আজ থেকে দক্ষিণবঙ্গে কমবে বৃষ্টি। উত্তরবঙ্গে আগামী ৪৮ ঘণ্টা ভারী বৃষ্টি, পূর্বাভাস আবহাওয়া দফতরের। কিন্তু তার মধ্যেই দক্ষিনবঙ্গে বৃষ্টি হচ্ছে। এর কারণ কী? হাওয়া অফিস জানাচ্ছে দক্ষিণ থেকে উত্তরের দিকে যাচ্ছে নিম্নচাপ। তারফলে প্রচুর জলীয় বাষ্প ঢুকছে দক্ষিণবঙ্গে। ফলে বিক্ষিপ্তভাবে বৃষ্টি আজও হবে।

Weather update: বিক্ষিপ্ত বৃষ্টি চলবে দক্ষিণে, মেঘ ভাঙা বৃষ্টিতে বানভাসি উত্তর

Flood situation in North Bengal due to heavy rains

নিউজ ডেস্ক: বৃষ্টি চলছেই। আজ দক্ষিণবঙ্গে দিনভর বৃষ্টির সম্ভাবনা থাকছে বলে জানিয়েছে আলিপুর আবহাওয়া দফতর। সকাল থেকেই বিভিন্ন জেলা থেকে বৃষ্টির খবর মিলছে। তা দিনভর চলবে বলেই জানাচ্ছে আলিপুর আবহাওয়া দফতর।

এদিকে হাওয়া অফিস জানাচ্ছে নিম্নচাপ সরে গিয়েছে বিহারের দিকে, আজ থেকে দক্ষিণবঙ্গে কমবে বৃষ্টি। উত্তরবঙ্গে আগামী ৪৮ ঘণ্টা ভারী বৃষ্টি, পূর্বাভাস আবহাওয়া দফতরের। কিন্তু তার মধ্যেই দক্ষিনবঙ্গে বৃষ্টি হচ্ছে। এর কারণ কী? হাওয়া অফিস জানাচ্ছে দক্ষিণ থেকে উত্তরের দিকে যাচ্ছে নিম্নচাপ। তারফলে প্রচুর জ্বলিয় বাষ্প ঢুকছে দক্ষিণবঙ্গে। ফলে বিক্ষিপ্তভাবে বৃষ্টি আজও হবে।

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মেঘ ভাঙা বৃষ্টিতে ভয়ঙ্করী তিস্তা

অপরদিকে উত্তরবঙ্গের পরিস্থিতিও খারাপ। বিপুল বৃষ্টির ঘাটতিতে চলা উত্তর এবার কার্যত বানভাসি। সোমবার থেকে টানা ভারী বৃষ্টিতে এমনই করুন অবস্থা। বহু স্থানে নেমেছে ধস। তিস্তার জল খাদ থেকে উঠে এসে রাস্তা দিয়ে বইছে যে চিত্র দেখা যায় না বলেই জানা গিয়েছে। শেষ লক্ষীপুজোর দিনে এমন বানভাসি পরিস্থিতির উত্তরবঙ্গে দেখা দিয়েছিল ১৯৬৮ সালে। তারপরে এই ২০২১। সময় এগোলে পরিস্হিতি আরও ভয়ঙ্কর হতে পারে বলে আশঙ্কা করা হচ্ছে।

মঙ্গলবার আচমকা মেঘভাঙা বৃষ্টি নামে গরুবাথানে।উত্তরবঙ্গে বৃষ্টি বাড়বে বলে আগেই পূর্বাভাস দিয়েছিল আলিপুর আবহাওয়া দফতর। মঙ্গলবার বিকেল চারটে নাগাদ আচমকা মেঘভাঙা বৃষ্টি শুরু হয় জলপাইগুড়ি লাগোয়া কালিম্পঙের গরুবাথানে। বৃষ্টির তেজে তিস্তার জলস্তর বাড়তে শুরু করে। পরিস্থিতি এমন হয় যে লকগেটের উপর দিয়ে বইতে থাকে জলস্রোত।

সেচ দফতরের আধিকারিকদের সতর্ক থাকতে বলা হয়েছে। দার্জিলিং ছা়ডাও জলপাইগুড়ি এবং আলিপুরদুয়ারে প্রবল বৃষ্টি হচ্ছে। উত্তর সিকিমে বিকেলের দিকে তুষারপাতের খবরও মিলেছে। যার জেরে কমেছে তাপমাত্রাও। প্রবল বৃষ্টির দাপটে ত্রিবেণীর রাস্তা দিয়েও বইছে তিস্তার জল, ১০ নম্বর জাতীয় সড়কের উপর দিয়ে বইছে তিস্তা।

কালিম্পং জেলার বেশ কয়েকটি এলাকায় ধস নেমেছে। শহরের ৪, ১৫, ১৮ এবং ২১ নম্বর ওয়ার্ডের কয়েকটি বাড়ি, গার্ডওয়াল এবং ফুলবাথ ক্ষতিগ্রস্ত হয়েছে ওই ধসের জেরে। উদ্ধারকাজ চালাচ্ছে পুরসভা এবং বিপর্যয় মোকাবিলা বাহিনী। কালিম্পঙের আলগারা এবং লাভার মাঝে তিন মাইল এলাকায় গাছ ভেঙে পড়ে একটি গাড়ি ক্ষতিগ্রস্ত হয়েছে।

প্রবল বৃষ্টির জেরে ১০ নম্বর জাতীয় সড়কে যান চলাচল এক সময়ে বন্ধ হয়ে যায়। দার্জিলিঙেও কয়েকটি জায়গায় ধসের খবর মিলেছে। গোকে থেকে সিঙ্গল বাজার যাওয়ার রাস্তায় ধস নেমেছে। তার জেরে সুখিয়াপোখরি থেকে মানেভঞ্জন যাওয়ার রাস্তায় যান চলাচল বিপর্যস্ত।একই চিত্র কোচবিহারেরও।কোচবিহারে টানা গরম চলছিল। মঙ্গলবার সকাল থেকে বৃষ্টি নামায় সেই গুমোট আবহাওয়া কেটেছে।

নিম্নচাপের ডবল ডোজে চলবে বিরক্তির বৃষ্টি

Rain kolkata

নিউজ ডেস্ক: নিম্নচাপের পিছু ছাড়ছে না রাজ্যের। একের পর এক সিস্টেম এসেই যাচ্ছে এবং ভাসিয়ে দিয়ে যাচ্ছে মূলত দক্ষিনবঙ্গকে। অথচ বর্ষা বিদায় নিয়েছে। তারপরেও এমন বৃষ্টি, যা আজ মঙ্গলবার এবং আগামী ২৪ ঘণ্টাতেও পিছু ছাড়বে না বলে জানাচ্ছে আলিপুর আবহাওয়া দফতর।

হাওয়া অফিস জানাচ্ছে, উত্তর তেলেঙ্গানার উপরে তৈরি হওয়া নিম্নচাপ রয়েছে। বেপাত্তা শুকনো হাওয়া। সে যে কোথায় তা এখনও জানা যায়নি, অথচ অক্টোবরের তৃতীয় সপ্তাহ শেষের পথে। এদিকে পুবালি বাতাসের প্রভাব এখনও প্রকট হয়ে রয়েছে। দু’য়ের কোপে টানা বৃষ্টিতে নাকাল রাজ্যের একাধিক জেলা, মূলত দক্ষিনবঙ্গ।

এতেই থামছে না হাওয়া অফিস জানাচ্ছে নতুন একটি নিম্নচাপ তৈরি হয়েছে যার অবস্থান মধ্যপ্রদেশে সঙ্গে বাংলার উপর আরও একটি নিম্নচাপ রয়েছে। ফলে প্রবল বৃষ্টির সম্ভাবনা আরও জোরালো হয়েছে রাজ্যে। আবহাওয়া দফতরের পূর্বাভাস, আজ মঙ্গলবার পর্যন্ত টানা বৃষ্টি চলবে দক্ষিণবঙ্গের বেশিরভাগ জেলাতে। পাশাপাশি দুর্যোগ শুরু হবে উত্তরবঙ্গেও। সেখানেও আজ থেকে প্রবল বৃষ্টির সম্ভাবনা তৈরি হয়েছে।

উত্তরবঙ্গে বুধবার ভারী থেকে অতিভারী বৃষ্টির সতর্কতা দিয়েছে আলিপুর আবহাওয়া দফতর। দক্ষিণবঙ্গে বিক্ষিপ্তভাবে বৃষ্টি হতে পারে। ওইদিন বীরভূম ও মুর্শিদাবাদে ভারী বৃষ্টির সম্ভাবনার খবর জানিয়েছে আলিপুর আবহাওয়া দফতর। উত্তরবঙ্গ এবং দক্ষিণবঙ্গের লাগোয়া রাজ্য ওডিশা এবং ঝাড়খণ্ডেও ভারী বৃষ্টি হবে।